जिला ब्यूरों: समदीप सिंह वड़ैच
बठिंडा। मंगलवार को बठिंडा में विभिन्न किसान संगठनों ने अपनी मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। किसान संगठनों के प्रतिनिधि अपनी प्रमुख मांगों का ज्ञापन लेकर जिला प्रशासन तक पहुंचे। किसानों की मुख्य मांगों में मनरेगा योजना को पुनः प्रभावी रूप से लागू करना और हाल ही में गड़बड़ी (ओलावृष्टि) के कारण खराब हुई फसलों का उचित मुआवजा देना शामिल था।
जानकारी के अनुसार, बड़ी संख्या में किसान बठिंडा के डीसी कार्यालय के बाहर एकत्रित हुए और जिला उपायुक्त (डीसी) को अपना मांग पत्र सौंपने का इंतजार करने लगे। काफी देर तक डीसी के मौके पर नहीं पहुंचने से किसानों में नाराजगी बढ़ गई। इसके बाद किसान संगठनों ने रोष स्वरूप मार्च निकाला और बस स्टैंड के सामने मुख्य चौक पर धरना शुरू कर दिया।
धरने के दौरान किसानों ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और अपनी मांगों को जल्द पूरा करने की अपील की। किसानों का कहना था कि लगातार प्राकृतिक आपदाओं के कारण उनकी फसलें बर्बाद हो रही हैं, जिससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। ऐसे में सरकार को तुरंत राहत प्रदान करनी चाहिए।
स्थिति को देखते हुए बाद में ईडीसी (अतिरिक्त जिला उपायुक्त) मौके पर पहुंचे और किसानों से बातचीत की। उन्होंने किसानों से ज्ञापन प्राप्त किया और उनकी मांगों को उच्च अधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। इसके बाद किसानों ने शांतिपूर्वक अपना धरना समाप्त किया।
अब देखने वाली बात यह होगी कि प्रशासन किसानों की मांगों पर कितना गंभीरता से विचार करता है और उन्हें कब तक राहत मिलती है। किसानों को फिलहाल प्रशासनिक कार्रवाई का इंतजार है।




