जिला ब्यूरों: दशरथभाई ठाकोर, थराद
थराद (बनासकांठा)। वाव–थराद क्षेत्र के थराद स्थित मॉडल स्कूल के कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय (KGBV) गर्ल्स हॉस्टल में सोमवार को छात्राओं ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। गृह माता के रूप में आशाबेन की पुनः नियुक्ति की चर्चाओं के बीच नाराज छात्राओं ने हॉस्टल के मुख्य गेट पर ही धरना देते हुए हल्लाबोल मचा दिया।
प्रदर्शन के दौरान छात्राओं ने हाथों में बैनर और तख्तियां लेकर “गृह माता की बदली करो” और “हमें न्याय दो” जैसे नारे लगाए। विरोध की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में अभिभावक भी मौके पर पहुंच गए, जिससे माहौल और अधिक तनावपूर्ण हो गया।
छात्राओं का आरोप है कि पूर्व में जब आशाबेन हॉस्टल में गृह माता के पद पर कार्यरत थीं, तब उन्होंने छात्राओं के साथ अनुचित व्यवहार किया और उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया। इसी कारण प्रशासन द्वारा उन्हें हटाया गया था। इसके बाद सौनलबेन को गृह माता नियुक्त किया गया, जिनके कार्यकाल में हॉस्टल की व्यवस्था सुचारू रूप से चल रही थी और छात्राएं संतुष्ट थीं।
हाल ही में जिला स्तर पर हुए तबादलों के चलते सौनलबेन को हटाकर पुनः आशाबेन को नियुक्त किए जाने की चर्चा शुरू होते ही छात्राओं में आक्रोश फैल गया। छात्राओं ने स्पष्ट रूप से कहा कि वे आशाबेन को स्वीकार नहीं करेंगी और सौनलबेन को ही यथावत रखने की मांग कर रही हैं।
छात्राओं ने बताया कि इस संबंध में उन्होंने थराद की विभिन्न सरकारी कार्यालयों में कई बार लिखित आवेदन और ज्ञापन दिए हैं, लेकिन अब तक उनकी शिकायतों पर कोई सुनवाई नहीं हुई है। उन्होंने मांग की कि उच्च अधिकारी स्वयं मौके पर आकर उनकी समस्याएं सुनें और उचित निर्णय लें।
विरोध प्रदर्शन के दौरान छात्राओं ने यह भी बताया कि वे सुबह से भूखी-प्यासी धरने पर बैठी हैं। फिलहाल उनकी परीक्षाएं भी चल रही हैं, इसके बावजूद न्याय की मांग को लेकर उन्हें इस तरह प्रदर्शन करना पड़ रहा है, जो बेहद चिंताजनक स्थिति है।
इस पूरे घटनाक्रम में अभिभावकों ने भी छात्राओं का समर्थन किया और प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप कर मामले का समाधान निकालने की मांग की। स्थानीय स्तर पर यह मुद्दा चर्चा का विषय बना हुआ है और अब सभी की नजर प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई है।




