ब्यूरो चीफ: इमरान खान, आबू रोड
सिरोही, 4 मई 2026।
भटाना नगर में मुमुक्षु कोमल कुमारी पुखराजजी परमार की दीक्षा के उपलक्ष्य में त्रिदिवसीय महोत्सव का भव्य शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर प्रथम दिन आचार्य भगवंत रविरत्नसूरीजी महाराजा, आचार्य जयेशरत्नसूरीश्वरजी म.सा. एवं पंन्यास प्रवर वैराग्यरत्नविजयजी म.सा. सहित अनेक साधु-साध्वी भगवंतों का बाजे-गाजे के साथ सामैया सह मंगल प्रवेश हुआ।
मुमुक्षु कोमल कुमारी ने सिर पर कलश धारण कर आचार्यश्री की तीन प्रदक्षिणा कर श्रद्धा व्यक्त की तथा अक्षत से वधामणा किया गया। इसके पश्चात मंदिरजी में दर्शन कर दीक्षा मंडप में धर्मसभा का आयोजन हुआ। धर्मसभा में इसी परिवार की साध्वी धर्मांगरेखाश्रीजी म.सा. द्वारा 100वीं आयंबिल ओली तप की पूर्णाहुति पर चतुर्विध संघ ने अक्षत उछालकर वधामणा किया।
आचार्यश्री ने बताया कि वर्धमान तप अत्यंत कठिन तप है, जिसमें क्रमशः आयंबिल की संख्या बढ़ाते हुए 14 वर्षों में यह तप पूर्ण होता है। साध्वीश्री द्वारा कम आयु में इस तप की पूर्णता विशेष प्रेरणादायक है।
दोपहर में मामा पक्ष रेवदर निवासी मैलापचंद मगनलाल सोलंकी परिवार की ओर से मुमुक्षु का मामेरा धूमधाम से किया गया। मामा नरेश कुमार एवं कल्पेश कुमार सोलंकी नाचते-गाते हुए पहुंचे, वहीं महिलाओं ने मंगलगीत गाकर माहौल को भक्तिमय बना दिया।
महोत्सव के तहत मुमुक्षु कोमल द्वारा भगवान आदिनाथ का शक्रस्तव अभिषेक किया गया। साथ ही वस्त्र रंगने की रस्म एवं रात्रि में बंदोली का आयोजन भी हुआ।
आज के प्रमुख कार्यक्रम:
जैन संघ भटाना के अध्यक्ष पुखराज भबुतमलजी परमार एवं सचिव इंदरमल हंसाजी ने बताया कि मंगलवार सुबह 8:30 बजे आचार्य भगवंत की निश्रा में भव्य वरघोड़ा निकलेगा। इसके पश्चात 10:30 बजे प्रीतिदान, दोपहर 3:30 बजे सांसारिक वायणा (अंतिम भोजन ग्रहण) एवं रात्रि 8 बजे संयम हेतु विदाई समारोह आयोजित होगा।
विदाई समारोह में सूरत के संगीतकार मनन संघवी एवं मुंबई के स्मित कोठारी भक्ति प्रस्तुतियां देंगे। बुधवार प्रातः मंगल मुहूर्त में दीक्षा विधि संपन्न होगी।
इस आयोजन को लेकर पूरे भटाना नगर में धार्मिक उत्साह का वातावरण बना हुआ है।




