ब्यूरो रिपोर्ट: विजय द्विवेदी, धार (मध्य प्रदेश)
निकटवर्ती जयन्ती दिव्य धाम स्थित नवनिर्मित शिव मंदिर में छः दिवसीय 21 कुंडीय शिव शक्ति महायज्ञ एवं भगवान पशुपतिनाथ, शिव परिवार और नंदी महाराज की प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव का भव्य शुभारंभ हुआ।
इस अवसर पर गाजे-बाजे और “हर-हर महादेव” के जयकारों के बीच आकर्षक कलश शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें सैकड़ों महिला-पुरुष श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। श्रद्धालु पैदल चलकर समीप स्थित जयन्ती माता मंदिर पहुंचे, जहां वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विधिवत पूजा-अर्चना की गई। इसके पश्चात पवित्र जल भरकर शोभायात्रा पुनः यज्ञ स्थल पहुंची, जहां जल को यज्ञवेदी पर स्थापित किया गया।
धार्मिक अनुष्ठान पं. देवकीनंदन शास्त्री (बीड़-कानवन) एवं पं. गजेन्द्र शर्मा के आचार्यत्व में संपन्न हो रहा है। आयोजन जयन्ती दिव्य धाम सेवा समिति के तत्वावधान में किया जा रहा है, जिसमें क्षेत्रभर से बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हो रहे हैं। पूरे क्षेत्र में भक्ति एवं आस्था का माहौल बना हुआ है।
समिति अध्यक्ष अनिल पाटीदार (एकरंगा) ने बताया कि यह महायज्ञ 5 मई से प्रारंभ होकर 10 मई तक चलेगा। आयोजन के दौरान प्रतिदिन भजन संध्या, सुंदरकांड पाठ सहित विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
द्वितीय दिवस पर कलश यात्रा, मंडप प्रवेश, गणेश-गौरी पूजन, अग्नि स्थापना, ग्रह शांति एवं देव प्रतिमाओं का जलाधिवास कराया गया। महायज्ञ के मुख्य यजमान दिनेश पाटीदार (नराणमोती, दसई) हैं। वहीं भगवान पशुपतिनाथ की प्राण-प्रतिष्ठा भगवतीलाल मारु (पदमपुरा), नंदी महाराज की प्राण-प्रतिष्ठा रघुवीर सिंह राठौर (बालोद) एवं शिव परिवार की प्राण-प्रतिष्ठा के लाभार्थी कन्हैयालाल पाटीदार (एकरंगा) हैं।
इसके अलावा गंगा उद्यापन के लाभार्थी चंदूलाल पाटीदार (बांगरदा) सहित 20 कुंडों में कुल 40 यजमान अपनी धर्मपत्नी के साथ हवन में घी, जौ, तिल व सामग्री की आहुतियां दे रहे हैं।
शोभायात्रा में चौ. बालोद, पदमपुरा, खुटपला, चिराखान, बरमंडल, लाबरिया, दसई, खिलेड़ी, फुलेड़ी, पाना सहित आसपास के गांवों से सैकड़ों श्रद्धालु शामिल हुए।
प्रथम दिवस के हवन के पश्चात महाआरती कर महाप्रसादी का वितरण किया गया। आयोजकों ने श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर धर्म लाभ लेने की अपील की है।




