ब्यूरो रिपोर्ट: राजेन्द्र खटीक
शाहपुरा। शक्करगढ़-टीटोडा जागीर पीएचसी के अंतर्गत आने वाले खेरूना उप स्वास्थ्य केंद्र की नई बिल्डिंग लाखों रुपए की लागत से बनकर तैयार होने के बावजूद अब तक शुरू नहीं हो पाई है। चिकित्सा विभाग की उदासीनता के चलते स्वास्थ्य सेवाएं आज भी आंगनबाड़ी केंद्र में संचालित की जा रही हैं, जिससे छोटे बच्चों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने जल्द नए भवन में स्वास्थ्य सेवाएं शुरू करने की मांग की है।
ग्रामीणों के अनुसार खेरूना में उप स्वास्थ्य केंद्र भवन का निर्माण कार्य करीब तीन माह पहले पूरा हो चुका था। निर्माण कार्य करने वाले ठेकेदार ने बताया कि भवन को तीन महीने पूर्व ही चिकित्सा विभाग को सुपुर्द कर दिया गया था, लेकिन विभागीय अधिकारी उद्घाटन की प्रतीक्षा में भवन को बंद रखे हुए हैं।
वर्तमान में उप स्वास्थ्य केंद्र का संचालन आंगनबाड़ी केंद्र में किया जा रहा है। आंगनबाड़ी में पहले से ही सीमित स्थान उपलब्ध है और वहां करीब 30 बच्चों का नामांकन है। उसी हॉल में स्वास्थ्य केंद्र का सामान रखे जाने से बच्चों के बैठने, खेलने और अन्य गतिविधियों में दिक्कतें आ रही हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए करोड़ों रुपए खर्च कर रही है, लेकिन अधिकारियों की लापरवाही के कारण आमजन को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा। नई बिल्डिंग तैयार होने के बावजूद पुराने और छोटे स्थान पर स्वास्थ्य केंद्र संचालित किया जाना समझ से परे है।
मामले को लेकर ब्लॉक चिकित्सा अधिकारी भागीरथ मीणा ने बताया कि पूर्व में ही पीएचसी प्रभारी को नए भवन में उप स्वास्थ्य केंद्र शुरू करने के निर्देश दिए जा चुके हैं। यदि अब तक संचालन प्रारंभ नहीं हुआ है तो जल्द ही नए भवन में स्वास्थ्य सेवाएं शुरू करवाई जाएंगी।
वहीं स्थानीय एएनएम ने बताया कि भवन का उद्घाटन नहीं होने के कारण अब तक उप स्वास्थ्य केंद्र का संचालन नए भवन में शुरू नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा भवन कब हैंडओवर किया गया, इसकी जानकारी उन्हें नहीं है।
ग्रामीणों ने प्रशासन और चिकित्सा विभाग से मांग की है कि शीघ्र नए भवन में उप स्वास्थ्य केंद्र का संचालन शुरू किया जाए, ताकि आंगनबाड़ी बच्चों को पर्याप्त स्थान मिल सके और ग्रामीणों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।




