Saturday, May 30, 2026

National

spot_img

अधिकमास में शिवभक्ति की अनूठी छटा: अरणेश्वर धाम में गूंज रहे रुद्री पाठ और रूद्राभिषेक

ब्यूरो चीफ: बृजेश त्रिवेदी, सवाई माधोपुर

भगवतगढ़। सवाई माधोपुर जिले के भगवतगढ़ स्थित प्राचीन तलहटी में बसे अरणेश्वर धाम शिवकुण्ड पर अधिकमास के पावन अवसर पर रुद्री पाठ एवं रूद्राभिषेक का आयोजन श्रद्धा, भक्ति और वैदिक विधि-विधान के साथ किया जा रहा है। अधिकमास के चलते यह धाम इन दिनों श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केन्द्र बना हुआ है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान शिव के दर्शन एवं पूजा-अर्चना के लिए पहुंच रहे हैं।

बालाजी ज्योतिष संस्थान भगवतगढ़ के पंडित अभिषेक मुदगल ने बताया कि सनातन परंपरा में अधिकमास के दौरान मांगलिक कार्य वर्जित माने जाते हैं, लेकिन धार्मिक अनुष्ठान, पूजा-पाठ, जप, तप एवं वैदिक कर्मकांड का विशेष महत्व होता है। इस अवधि में किए गए धार्मिक कार्य कई गुना अधिक फलदायी माने जाते हैं। इसी कारण अरणेश्वर धाम में प्रतिदिन रुद्री पाठ एवं रूद्राभिषेक के आयोजन से वातावरण भक्तिमय बना हुआ है।

आज आयोजित अनुष्ठान में बौली निवासी यजमान सीताराम शर्मा ने आचार्य अभिषेक मुदगल के सानिध्य में पंच ब्राह्मणों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के साथ रूद्राभिषेक सम्पन्न कराया। वहीं विद्वान आचार्यों द्वारा हवन एवं दुर्गा सप्तशती पाठ का आयोजन भी किया गया। कार्यक्रम को आचार्य नंदकिशोर, अनिल शास्त्री, दीपक चौबे तथा भागवत प्रवक्ता आचार्य पवन ने विधिवत सम्पन्न करवाया।

धार्मिक आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान शिव की आराधना कर क्षेत्र में सुख, समृद्धि, शांति एवं खुशहाली की कामना की। आयोजन के दौरान पूरा अरणेश्वर धाम वैदिक मंत्रों और शिवभक्ति के स्वर से गुंजायमान रहा।

International

spot_img

अधिकमास में शिवभक्ति की अनूठी छटा: अरणेश्वर धाम में गूंज रहे रुद्री पाठ और रूद्राभिषेक

ब्यूरो चीफ: बृजेश त्रिवेदी, सवाई माधोपुर

भगवतगढ़। सवाई माधोपुर जिले के भगवतगढ़ स्थित प्राचीन तलहटी में बसे अरणेश्वर धाम शिवकुण्ड पर अधिकमास के पावन अवसर पर रुद्री पाठ एवं रूद्राभिषेक का आयोजन श्रद्धा, भक्ति और वैदिक विधि-विधान के साथ किया जा रहा है। अधिकमास के चलते यह धाम इन दिनों श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केन्द्र बना हुआ है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान शिव के दर्शन एवं पूजा-अर्चना के लिए पहुंच रहे हैं।

बालाजी ज्योतिष संस्थान भगवतगढ़ के पंडित अभिषेक मुदगल ने बताया कि सनातन परंपरा में अधिकमास के दौरान मांगलिक कार्य वर्जित माने जाते हैं, लेकिन धार्मिक अनुष्ठान, पूजा-पाठ, जप, तप एवं वैदिक कर्मकांड का विशेष महत्व होता है। इस अवधि में किए गए धार्मिक कार्य कई गुना अधिक फलदायी माने जाते हैं। इसी कारण अरणेश्वर धाम में प्रतिदिन रुद्री पाठ एवं रूद्राभिषेक के आयोजन से वातावरण भक्तिमय बना हुआ है।

आज आयोजित अनुष्ठान में बौली निवासी यजमान सीताराम शर्मा ने आचार्य अभिषेक मुदगल के सानिध्य में पंच ब्राह्मणों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के साथ रूद्राभिषेक सम्पन्न कराया। वहीं विद्वान आचार्यों द्वारा हवन एवं दुर्गा सप्तशती पाठ का आयोजन भी किया गया। कार्यक्रम को आचार्य नंदकिशोर, अनिल शास्त्री, दीपक चौबे तथा भागवत प्रवक्ता आचार्य पवन ने विधिवत सम्पन्न करवाया।

धार्मिक आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान शिव की आराधना कर क्षेत्र में सुख, समृद्धि, शांति एवं खुशहाली की कामना की। आयोजन के दौरान पूरा अरणेश्वर धाम वैदिक मंत्रों और शिवभक्ति के स्वर से गुंजायमान रहा।

National

spot_img

International

spot_img
RELATED ARTICLES