जिला ब्यूरो: असलेखा चौरिया, जिला छिंदवाड़ा (मध्य प्रदेश)
छिंदवाड़ा, 31 मई। विश्व तंबाकू निषेध दिवस के अवसर पर सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग तथा आयुष विभाग के संयुक्त तत्वावधान में निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज परिसर में जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य तंबाकू एवं अन्य नशीले पदार्थों के सेवन से होने वाले दुष्प्रभावों के प्रति लोगों को जागरूक करना तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था।
कार्यक्रम की शुरुआत प्रातःकालीन योग एवं प्राणायाम सत्र से हुई। इस दौरान आयुष विभाग के योगाचार्य डॉ. पवन नेमा ने श्रमिकों एवं उपस्थित नागरिकों को योगाभ्यास कराते हुए निरोगी जीवन का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि नियमित योग और संतुलित जीवनशैली अपनाकर अनेक बीमारियों से बचा जा सकता है।
इसके पश्चात किरदार संस्थान के कलाकारों द्वारा तंबाकू और नशे के दुष्प्रभावों पर आधारित प्रभावशाली नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया गया। नाटक के माध्यम से युवाओं एवं आमजन को नशे से दूर रहने तथा समाज में जागरूकता फैलाने का संदेश दिया गया। प्रस्तुति को उपस्थित लोगों ने सराहा और इसे जनहित में महत्वपूर्ण पहल बताया।
नगर निगम आयुक्त श्री सी.पी. राय एवं जिला आयुष अधिकारी डॉ. प्रमिला यावतकर के निर्देशन में आयोजित कार्यक्रम में नाट्य निर्देशन डॉ. पवन नेमा द्वारा किया गया। कार्यक्रम में डॉ. रश्मि नेमा, ऋषभ स्थापक, प्रवीण बांधे सहित अन्य कलाकारों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
जागरूकता सत्र के दौरान ऋषभ स्थापक ने बताया कि तंबाकू सेवन से कैंसर, हृदय रोग, श्वसन संबंधी बीमारियों सहित कई गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं उत्पन्न होती हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे जनजागरूकता कार्यक्रम समाज को नशामुक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होते हैं।
कार्यक्रम के अंत में नोडल डॉक्टर डॉ. नितीन टेकरे के मार्गदर्शन में उपस्थित सभी लोगों को नशामुक्त जीवन अपनाने तथा दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करने की शपथ दिलाई गई। आयोजन में बड़ी संख्या में श्रमिकों एवं स्थानीय नागरिकों ने सहभागिता कर कार्यक्रम को सफल बनाया।




